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नासा का वादा: आर्टेमिस चंद्र विज्ञान डेटा दुनिया के साथ साझा होगा

नासा ने कहा है कि आर्टेमिस कार्यक्रम के तहत मिलने वाला हर चंद्र चट्टान नमूना, डेटासेट और खोज पूरी वैज्ञानिक दुनिया के साथ साझा किया जाएगा; आर्टेमिस समझौतों पर हस्ताक्षर करने वाले सभी 71 देशों की यह प्रतिबद्धता है।

नासा का कहना है कि उसके आर्टेमिस कार्यक्रम के तहत मिलने वाले हर चंद्र चट्टान नमूने, चंद्र डेटासेट और खोज से जुड़ा विज्ञान वैश्विक वैज्ञानिक समुदाय के साथ साझा किया जाएगा। सुरक्षित और पारदर्शी नागरिक अंतरिक्ष अन्वेषण के सिद्धांतों वाले आर्टेमिस समझौतों पर हस्ताक्षर करने वाले सभी 71 देश इस प्रतिबद्धता का पालन करते हैं।

इस सिद्धांत को अमल में लाने के लिए नासा ने 28 जुलाई से 8 सितंबर तक दो-भाग की ऑनलाइन कार्यशाला श्रृंखला आयोजित की। इसका मुख्य विषय वैज्ञानिक डेटा को समय पर जनता और अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक समुदाय के साथ जारी करना था। यह श्रृंखला भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) द्वारा मई में शुरू की गई चर्चाओं पर आधारित थी। उन चर्चाओं में आर्टेमिस समझौतों के हस्ताक्षरकर्ता देशों ने पहली बार खुले डेटा से जुड़े तरीकों को आगे बढ़ाने के रास्ते तलाशे थे।

दुनियाभर के तकनीकी विशेषज्ञों की भागीदारी के लिए नासा ने इस चर्चा को दो सत्रों में बांटा। पहला सत्र खुले विज्ञान के सिद्धांतों और उन्हें लागू करने के तरीकों पर था। इसका मकसद आर्टेमिस से जुड़े काम में तालमेल, पुनरुत्पादन क्षमता, सुगमता और पारदर्शिता बढ़ाना था। दूसरा सत्र खुले विज्ञान के उपकरणों पर केंद्रित था। इसमें नासा के प्लैनेटरी डेटा सिस्टम भंडार, खुले तौर पर उपलब्ध चंद्र डेटा, तथा डेटा विश्लेषण व दृश्यीकरण उपकरणों को उदाहरण के तौर पर पेश किया गया। इससे हस्ताक्षरकर्ता देशों को अपने डेटा-साझाकरण ढांचे बनाने के लिए एक कार्यशील मॉडल मिला।

नासा के मुख्य अन्वेषण वैज्ञानिक जैकब ब्लीचर ने इस बारे में बताया। उन्होंने कहा कि इंसानों को फिर चंद्रमा पर भेजने के इस दौर में, पारदर्शिता, सहयोग और सुगमता के जरिए आर्टेमिस प्रयास वैज्ञानिक खोज की पूरी क्षमता को खोलने में मदद करेंगे। नासा के उप मुख्य विज्ञान डेटा अधिकारी एंड्रू मिचेल ने कहा कि इन कार्यशालाओं ने साझेदारों को "आगे मिलकर बढ़ने के लिए व्यावहारिक उपकरण और एक साझा आधार" दिया। उन्होंने यह भी कहा कि खुले विज्ञान के लिए एक अधिक पारदर्शी और सहयोगी वैज्ञानिक प्रक्रिया की ओर बदलाव जरूरी है।

नासा और अमेरिकी विदेश विभाग ने 2020 में सात अन्य संस्थापक देशों के साथ मिलकर आर्टेमिस समझौते स्थापित किए थे। अब 71 देशों द्वारा हस्ताक्षरित ये समझौते देशों को शांतिपूर्ण व पारदर्शी ढंग से अन्वेषण करने और जरूरतमंदों की मदद करने के लिए प्रतिबद्ध करते हैं। इनमें वैज्ञानिक डेटा तक पहुंच देना और दूसरों की गतिविधियों में बाधा न डालना भी शामिल है। साथ ही ऐतिहासिक महत्व के स्थलों व वस्तुओं को संरक्षित करना भी इन समझौतों का हिस्सा है।

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