DRDO ने रडार और इलेक्ट्रॉनिक युद्ध के लिए स्वदेशी GaN-सिलिकॉन कार्बाइड चिप दिखाई
भारत के DRDO ने एक कॉम्पैक्ट, स्वदेशी रूप से डिज़ाइन की गई गैलियम नाइट्राइड सेमीकंडक्टर चिप बनाई है, जो पुरानी सिलिकॉन चिप्स से 300 गुना तेज़ चलती है। यह जानकारी रक्षा मंत्रालय की वार्षिक रिपोर्ट में दी गई है।
चरण दर चरण
- 1
SSPL सिलिकॉन कार्बाइड वेफर उगाती है
- 2
चिप पर GaN सर्किट बनाना
- 3
रडार, EW के लिए परीक्षण
- 4
हैदराबाद GAETEC में उत्पादन शुरू
भारत के रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने उच्च-आवृत्ति इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए स्वदेशी रूप से विकसित गैलियम नाइट्राइड (GaN) सेमीकंडक्टर तकनीक का प्रदर्शन किया है। यह जानकारी रक्षा मंत्रालय की 2025-26 की वार्षिक रिपोर्ट में दी गई है। GaN-ऑन-सिलिकॉन कार्बाइड नाम की यह तकनीक अगली पीढ़ी की इलेक्ट्रॉनिक युद्ध प्रणालियों, सैन्य रडार और मानव रहित प्लेटफॉर्म का आधार बनने की उम्मीद है।
इस प्रगति के केंद्र में 3.5 मिलीमीटर x 3 मिलीमीटर आकार की एक छोटी, स्वदेशी रूप से डिज़ाइन की गई GaN माइक्रोचिप है। रिपोर्ट के अनुसार यह 30 वॉट तक बिजली दे सकती है और पुरानी सिलिकॉन चिप्स से 300 गुना तेज़ काम कर सकती है। सिलिकॉन या गैलियम आर्सेनाइड के विपरीत, GaN सेमीकंडक्टर ज़्यादा बिजली घनत्व और वोल्टेज सह सकते हैं, और बेहतर ऊष्मा चालन के साथ अत्यधिक तापमान भी झेल सकते हैं।
रिपोर्ट में X-बैंड मोनोलिथिक माइक्रोवेव इंटीग्रेटेड सर्किट (MMIC) और S-बैंड GaN हाई इलेक्ट्रॉन-मोबिलिटी ट्रांजिस्टर (HEMT) पावर एम्पलीफायर, साथ ही लो-नॉइज़ एम्पलीफायर और स्विच MMIC के निर्माण व प्रदर्शन की पुष्टि की गई। ये कल-पुर्जे रडार ट्रांसमीटर और इलेक्ट्रॉनिक-युद्ध जैमिंग प्रणालियों में इस्तेमाल होते हैं। DRDO की सॉलिड स्टेट फिज़िक्स लेबोरेटरी (SSPL) ने 4-इंच सिलिकॉन कार्बाइड वेफर बनाने की प्रक्रिया विकसित की, और 150 वॉट तक के GaN-HEMT तथा X-बैंड के लिए 40 वॉट के MMIC तैयार किए।
GaN-ऑन-सिलिकॉन-कार्बाइड सर्किट के लिए सीमित उत्पादन लाइनें हैदराबाद स्थित गैलियम आर्सेनाइड एनेबलिंग टेक्नोलॉजी सेंटर (GAETEC) में शुरू की गई हैं। ये कल-पुर्जे एयरोस्पेस प्रणालियों, 5G नेटवर्क और उपग्रह संचार में भी इस्तेमाल होने की योजना है। GaN तकनीक पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सख्त निर्यात नियंत्रण है, और भारत अब तक इसके लिए काफी हद तक आयात पर निर्भर रहा है।
मंत्रालय इस क्षेत्र को बढ़ाने के लिए निजी क्षेत्र के साथ भी काम कर रहा है। इनोवेशन्स फॉर डिफेंस एक्सीलेंस (iDEX) पहल के तहत, दिसंबर 2023 में अग्निट सेमीकंडक्टर्स प्राइवेट लिमिटेड के साथ GaN वायरलेस ट्रांसमीटर डिज़ाइन व निर्माण के लिए एक अनुबंध किया गया।
शब्दों की व्याख्या
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