टायरोसीन बढ़ने से पुरुषों की उम्र घट सकती है, महिलाओं पर असर नहीं: अध्ययन
270,000 से ज़्यादा लोगों पर हुए अध्ययन में पाया गया कि खून में टायरोसीन की ज़्यादा मात्रा पुरुषों में कम उम्र से जुड़ी है, जबकि महिलाओं पर ऐसा कोई असर नहीं दिखा.
ब्रिटेन के यूके बायोबैंक डेटाबेस के 270,000 से ज़्यादा लोगों पर हुए एक बड़े अध्ययन में पाया गया है कि जिन पुरुषों के खून में टायरोसीन नामक अमीनो एसिड की मात्रा ज़्यादा थी, उनकी उम्र कम पाई गई. महिलाओं में ऐसा कोई असर नहीं दिखा. यह शोध हॉन्ग कॉन्ग विश्वविद्यालय और जॉर्जिया विश्वविद्यालय के जी वी. झाओ, यितांग सन, जुनमेंग झांग और कैक्सिओंग ये ने किया. नतीजे एजिंग-यूएस (Aging-US) पत्रिका में छपे.
टायरोसीन और उससे जुड़ा एक और अमीनो एसिड फेनिलएलनिन, दोनों प्रोटीन-युक्त भोजन में पाए जाते हैं. ये सप्लीमेंट के रूप में भी बिकते हैं. शरीर टायरोसीन का इस्तेमाल डोपामीन जैसे न्यूरोट्रांसमीटर बनाने में करता है. ये रासायनिक संदेशवाहक मूड, प्रेरणा और सोच को नियंत्रित करने में मदद करते हैं. शोधकर्ताओं ने दो तरीके अपनाए. पहला, खून में इन अमीनो एसिड की मात्रा और मृत्यु के बीच संबंध देखना. दूसरा, मेंडेलियन रैंडमाइजेशन नाम की एक आनुवंशिक शोध-विधि अपनाना. यह विधि सिर्फ संबंध की बजाय कारण-प्रभाव के बारे में मज़बूत संकेत दे सकती है.
आनुवंशिक विश्लेषण से संकेत मिला कि टायरोसीन का पुरुषों की घटती उम्र से एक कारणात्मक संबंध हो सकता है, जो पुरुषों की उम्र को लगभग एक साल तक कम कर सकता है; महिलाओं में ऐसा कोई असर नहीं मिला. फेनिलएलनिन को हिसाब में लेने के बाद भी यह संबंध बना रहा, जबकि टायरोसीन को हिसाब में लेने पर फेनिलएलनिन का किसी भी लिंग की उम्र से कोई संबंध नहीं मिला. शोधकर्ताओं ने यह भी पाया कि पुरुषों में सामान्यतः महिलाओं से ज़्यादा टायरोसीन होता है, हालांकि अध्ययन यह साबित नहीं करता कि टायरोसीन ही दोनों लिंगों के बीच उम्र के अंतर का कारण है.
वैज्ञानिकों का मानना है कि इंसुलिन प्रतिरोध, या तनाव से जुड़े न्यूरोट्रांसमीटर बनाने में टायरोसीन की भूमिका, इसका कारण हो सकती है. हालांकि ये अभी सिर्फ परिकल्पनाएँ हैं, जिन पर और शोध ज़रूरी है. सबसे अहम बात, शोधकर्ताओं ने टायरोसीन सप्लीमेंट का सीधे परीक्षण नहीं किया. ये नतीजे खून में मौजूद प्राकृतिक टायरोसीन के स्तर के बारे में हैं, सप्लीमेंट लेने के बारे में नहीं. यह अध्ययन यह नहीं दिखाता कि टायरोसीन सप्लीमेंट लेने से उम्र घटती है.
शब्दों की व्याख्या
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